समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) की रूपाली दीक्षित का कहना है कि उन्हें फतेहाबाद से विधानसभा चुनाव का टिकट लेने के लिए पार्टी अध्यक्ष को मनाने में केवल तीन मिनट का समय लगा. उन्होंने अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) को बताया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक उम्मीदवार ने ठाकुर समुदाय का अपमान किया और एक वीडियो क्लिप में दीक्षित के पिता की बेइज्जती की थी जो फिलहाल हत्या के एक मामले में जेल में बंद हैं. दीक्षित ने कहा कि वह इस “अपमान” का बदला लेना चाहती हैं.

उन्होंने कहा कि वह जातिवाद में विश्वास नहीं करतीं और सभी समुदायों के गरीब लोगों को सरकारी योजनाओं में पारदर्शी और उचित आवंटन चाहती हैं. उन्होंने पीटीआई-भाषा से कहा, “मैं अखिलेश यादव से मिली और उन्होंने मुझसे पूछा कि मैं क्या चाहती हूं. मैंने कहा कि मैं भाजपा प्रत्याशी छोटेलाल वर्मा के विरुद्ध लड़ना चाहती हूं क्योंकि उन्होंने आपत्तिजनक टिप्पणी की थी और मैं आपको विश्वास दिलाती हूं कि मैं इस सीट से जीतूंगी.”

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